Home » ए.एम.यू » AMU में बोले पूर्व राष्ट्रपति – ‘कानून के जरिए राष्ट्रवाद को लागू नहीं किया जा सकता’

AMU में बोले पूर्व राष्ट्रपति – ‘कानून के जरिए राष्ट्रवाद को लागू नहीं किया जा सकता’

amu12

मंगलवार को अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय के संस्थापक सर सैयद अहमद खान के 200वें जन्मदिवस समारोह में शामिल हुए देश के पूर्व राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी ने देश में चल रही राष्ट्रवाद को परिभाषित करने की कोशिश को अनावश्यक करार दिया. साथ ही उन्होंने कहा, देश में कानून के जरिए राष्ट्रवाद को लागू नहीं किया जा सकता.

उन्होंने कहा कि राष्ट्रवाद की परिभाषा को फिर से परिभाषित करने के लिए समय-समय पर प्रयास किए गए हैं. ऐसे प्रयास अनावश्यक हैं क्योंकि हमारी राष्ट्रवाद और राष्ट्रीय पहचान की अवधारणा पहचान के आधुनिक और उत्तर आधुनिक निर्माण से पहले ही होती है. यूरोपीय राष्ट्र के संदर्भों में राष्ट्रवाद की अवधारणा भारतीय सभ्यता में एक नई घटना है.

मुखर्जी ने कहा कि क्षेत्र, राजतंत्र, सांसारिक और आध्यात्मिक प्राधिकरण भारत में राष्ट्रवाद को परिभाषित नहीं कर सकते. उन्होंने आगे कहा कि राष्ट्रवाद कानून द्वारा लागू नहीं किया जा सकता है, इसके अलावा ये अदालती हुक्म या फिर घोषणा से भी लागू नहीं किया जा सकता.

उन्होंने कहा कि भारत क्या है? लगभग 3.3 मिलियन किलोमीटर की विशाल भूमि, जिस पर सात धर्मों के लोग व्यवसाय करते हैं, अपने निजी जीवन में 100 भाषाएं बोलते हैं, जो एक संविधान से बंधा हुआ है, जिसका एक राष्ट्रीय ध्वज और एक पहचान है.

मुखर्जी ने छात्रों से खान के वैज्ञानिक कौशल और स्वभाव से प्ररणा लेने को कहा. साथ ही कहा कि छात्रों का लक्ष्य सिर्फ आजीविका हासिल करने के बारे में नहीं होना चाहिए, बल्कि रिसर्च को आगे बढ़ाने और भारत को एक ज्ञानी समाज बनाने का होना चाहिए.

105 total views, 1 views today

अपनी राय दें

comments

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

*

x

Check Also

AMU: मशकूर बने छात्र संघ के अध्यक्ष तो सज्जाद ने जीता उपाध्यक्ष पद

अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय (एएमयू) छात्र संघ चुनाव के अध्यक्ष पद पर बिहार के मशकूर अहमद उस्मानी ने जीत दर्ज की है. वहीँ उपाध्यक्ष पद पर पीएचडी के छात्र सज्जाद सुभान राधर विजयी रहे. इसके अलावा सचिव पद पर एमएईबी के छात्र मोहम्मद फ़हद ने बाजी मारी. प्रोफेसर मुजीबुल्लाह जुबैरी, मुख्य चुनाव अधिकारी के अनुसार, मशकूर अहमद उस्मानी ने निकटतम प्रतिद्वंद्वी व बरौली से भाजपा विधायक ठा. दलवीर सिंह के पौत्र ठा. अजय सिंह को 6719 मतों से हराया है. मशकूर को 9071 वोट मिले है. अजय को 2353 वोट मिले हैं. तीसरे स्थान पर रहे अबू बकर को 2192 वोट मिले. इसी क्रम में वीमेंस कॉलेज में बीए द्वितीय वर्ष की नबा नसीम अध्यक्ष चुनी गईं और बीकॉम फाइनल ईयर की निदा अकरम उपाध्यक्ष बनी हैं. इसके अलावा बीए द्वितीय वर्ष की छात्रा फबेदा अहमद ने सचिव पद पर जीत दर्ज की. नाबा नसीम को 916 वोट मिले. इन्होंने बीएससी द्वितीय की छात्रा नेहा किरमानी को 72 वोटों से हराया है. नेहा को 847 वोट मिल सके. तीसरे स्थान पर बीएस तृतीय की छात्रा उमामा हसीम रहीं, जिन्हें 97 वोट मिल सके. The post AMU: मशकूर बने छात्र संघ के अध्यक्ष तो सज्जाद न..

AMU में बड़े ही ख़ुलूस के साथ जश्ने ईद मिलादुन्नबी मनाई गई

दुनिया भर के मुसलमान इस्लाम धर्म के पैगंबर हजरत मुहम्मद (सल्ल.) का जन्मदिवस बड़ी ख़ुशी के साथ मना रहे है. ऐसे में अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी में भी नबी ए करीम (सल्ल.) के आमद का जश्न बड़े ही खुलूस के साथ मनाया गया. इस्लामिक साल हिजरी के अनुसार हजरत मुहम्मद (सल्ल.) साहब का जन्मदिवस रबी-उल-अव्वल की 12 तारीख को मनाया जाता है. हजरत मुहम्मद (सल्ल.) साहब के जन्म दिवस को जश्ने ईद मिलादुन्नबी, मिलाद आदि नामों से जाना जाता है.

‘पद्मावती’ विवाद में भाजपा नेता का इस्तीफ़ा, मनोहरलाल खट्टर को सुनाई खरी खोटी

चंडीगढ़ । फ़िल्म ‘पद्मावती’ का विरोध कर रहे भाजपा नेता सूरजपाल अम्मू ने अपने पद से इस्तीफ़ा दे दिया है। वो हरियाणा में भाजपा के चीफ़ मीडिया कोऑर्डिनेटर थे। अम्मू ने इस्तीफ़े के लिए हरियाणा के मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर को ज़िम्मेदार ठहराया। यही नही उन्होंने खट्टर को ख़ूब खरी खोटी सुनाते हुए कहा की मैंने आज तक इतना घमंडी भाजपा मुख्यमंत्री नही देखा। बताते चले की फ़िल्म ‘पद्मावती’ के विरोध में सूरजपाल अम्मू ने संजय लीला भंसाली और दीपिका पादुकोण का सर काटने वाले को दस करोड़ रुपए देने का एलान किया था। हालाँकि भाजपा ने इसके लिए अम्मू का नोटिस भी थमाया था। उनके इस्तीफ़े को इसी नोटिस के साथ जोड़कर देखा जा रहा है। बुधवार को उन्होंने मीडिया से रूबरू होते हुए अपने इस्तीफ़ा की घोषणा की। इस दौरान उन्होंने एनसी नेता और सांसद फ़ारूख अब्दुल्ला को भी ललकारा। अम्मू ने कहा,’ सुबह सपना आया था और कुछ लोग शहादत मांग रहे थे। मैंने भारी मन से इस्तीफ़ा दिया है। मैं हरियाणा के सीएम के व्यवहार से दुखी हूं। मैंने इतना घमंडी बीजेपी सीएम कभी नहीं देखा है, जिसे अपने पार्टी के कार्यकर्ताओं और समुदाय के प्रतिनिधियो..