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एएमयू में फिर से मनाया जायेगा यौम-ए-तहज़ीब-ए-अलीगढ़ !

हर साल की तरह इस बार भी अलीगढ़ में 27 मार्च को यौम-ए-तहज़ीब-ए-अलीगढ़ (Aligarh Tehzeeb Day) मनाया जायेगा। क्या है यौम-ए-तहज़ीब …? अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी के बानी (Founder) सर सय्यद अहमद की यौम-ए-वफ़ात (पुण्यतिथि) यानी 27 मार्च के मौक़े पर पहली बार 2015 में बरनी फ़ाउन्डेशन ने यौम-ए-तहज़ीब-ए-अलीगढ़ के रूप में सर सय्यद को ख़िराज-ए-अक़िदत पेश की थी.

उसके बाद 2016 में 27 मार्च को दूसरा यौम-ए-तहज़ीब-ए-अलीगढ़ मनाया गया और ये सिलसिला लगातार जारी है। इस बार तासरी मर्तबा बरनी फ़ाउन्डेशन 3rd Aligarh Tehzeeb Day मनाने जा रही है। क्या होता है इस रोज़ …? इस मौक़े पर सर सय्यद को ख़िराज-ए-अक़ीदत पेश की जाती है और सर सय्यद के ख़्वाबों को आगे बढ़ा रही हस्तियों को एजाज़ से नवाज़ा जाता है।

इस मौक़े पर चराग़-ए-तालीम, चराग़-ए-तहज़ीब, चराग़-ए-सहाफ़त, चराग़-ए-समाज और चराग़-ए-बरन अवार्ड दिये जाते हैं। दावतनामा: यौम-ए-तहज़ीब-ए-अलीगढ़ 27 मार्च 2017 एएमयू ओल्ड बायज़ लॉज (अलीगढ़) वक़्त – 11:00 am

मिन्जानिब: बरनी फ़ाउन्डेशन

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